कोविड-19 को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों और भेदभाव को दूर करने में युवाओं की भूमिका विषय पर वेबिनार का आयोजन।

रायपुर, 1 जुलाई 2020
कोविड-19 महामारी को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों, सामाजिक कलंक और भेदभाव को दूर करने में युवाओं की क्या भूमिका हो। इस विषय पर यूनिसेफ और श्री रावतपुरा सरकार ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के संयुक्त तत्वावधान में वेबिनार का आयोजन किया गया।
वेबिनार में यूनिसेफ की ओर से स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. गजेन्द्र सिंह, संचार एवं विकास विशेषज्ञ अभिषेक सिंह और श्री रावतपुरा सरकार ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस की ओर से मुख्य वक्ता के तौर पर डॉ. जे.के. उपाध्याय शामिल हुए।
वेबिनार के मुख्य वक्ता डॉ. जे. के. उपाध्याय ने कहा कि कोविड-19 बीमारी को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों और भेदभाव को दूर करने के लिए यूनिसेफ द्वारा चलाया जा रहा जागरूकता कार्यक्रम निश्चित तौर पर काबिले तारीफ है। इस तरह के वेबिनार के जरिये युवाओं को कोविड-19 की सही और सटीक जानकारी प्राप्त होती है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया में कोविड-19 को लेकर कई तरह के गलत तथ्य फैले हैं, लेकिन जागरूकता संबंधी वेबिनार के जरिये युवाओं को कोविड-19 की सही जानकारी का प्रचार-प्रसार किया जा सकता है।
यूनिसेफ के स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. गजेन्द्र सिंह ने पीपीटी के जरिये बीमारी, उसके लक्षण और उसकी रोकथाम के उपायों को विस्तार से समझाया। यूनिसेफ के संचार एवं विकास विशेषज्ञ अभिषेक सिंह ने वीडियो प्रेजेंटेशन के जरिए कोविड-19 को लेकर लोगों में बनी गलत धारणाओं को दूर करने का प्रयास किया।
वेबिनार में श्री रावतपुरा सरकार ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के विभिन्न कॉलेजों के प्रिंसिपल, शिक्षक एवं 450 से ज्यादा स्टूडेंट्स शामिल हुए। स्टूडेंट्स एवं टीचर्स ने अपने-अपने सवाल चैटबॉक्स में लिखकर विषय विशेषज्ञों से पूछे।
जिनका समुचित जवाब यूनिसेफ के प्रतिनिधियों द्वारा दिया गया। लगातार हाथ धोने, मास्क पहनने, 4 फीट की दूरी बनाने और एल्कोहलयुक्त सेनिटाइजर का इस्तेमाल करके बीमारी के फैलाव को रोका जा सकता है।
कोविड की दवाई और वैक्सीन को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करने का प्रयास यूनिसेफ के अधिकारियों द्वारा किया गया। वेबिनार के सफल आयोजन के लिए धन्यवाद ज्ञापन संस्था के उप संचालक (जनसंपर्क) माधो सिंह द्वारा किया गया।
